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pगुड़ी नाम का अर्थ "विजय पताका" है। 'युग' शब्द 'युग' और 'आदि' शब्दों के मेल से बना है।/p
p10 दिनों तक पूजा करने के बाद गणेश जी का विसर्जन किया जाता है। मान्यता के अनुसार, विसर्जन के बाद बप्पा अपने धाम को चले जाते हैं।/p
pकार्निवल श्रोव मंगलवार पर समाप्त होता है, जो ऐश बुधवार को लेंट की शुरुआत से एक दिन पहले होता है।/p
pसबसे पहले मां लक्ष्मी ने बांधी थी अपने भाई को राखी। /p
pयह त्रिशूर पूरम फेस्टिवल त्रिशूर के वडक्कुनाथन (शिव) मंदिर में हर साल पूरम दिन पर आयोजित किया जाता है।/p
pत्योहार की तारीख तिब्बती कैलेंडर के पांचवें महीने के दसवें दिन मनाई जाती है। इसे पद्मसंभव की जयंती के रूप में मनाया जाता है।/p
pइस रथयात्रा में भाग लेने के लिए और इसके दर्शन लाभ के लिए हज़ारों, लाखों की संख्या में बाल, वृद्ध, युवा, नारी देश के सुदूर प्रांतों से आते हैं।/p