`
pत्योहार की तारीख तिब्बती कैलेंडर के पांचवें महीने के दसवें दिन मनाई जाती है। इसे पद्मसंभव की जयंती के रूप में मनाया जाता है।/p
pहोली का यह त्योहार बुराई पर अच्छाई की जीत का भी प्रतीक है। /p
pनवरात्रि के दौरान पूरे नौ दिनों तक हर तरफ भक्ति का माहौल रहता है।/p
pस्त्रियों का त्यौहार है जो झूला झूल कर मनाती हैं हरियाली तीज/p
pयह फेस्टिवल वसंत के आगमन की तैयारी का प्रतीक माना जाता है।/p
pभगवान राम ने इसी दिन रावण का वध किया था तथा देवी दुर्गा ने नौ रात्रि एवं दस दिन के युद्ध के उपरान्त महिषासुर पर विजय प्राप्त की थी।/p
pकार्निवल श्रोव मंगलवार पर समाप्त होता है, जो ऐश बुधवार को लेंट की शुरुआत से एक दिन पहले होता है।/p