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pगणेश चतुर्थी, गणेशोत्सव, विनायक चतुर्थी समेत कई नामों से जाने जाने वाले इस पर्व को पूरे देश में बड़े ही उत्साह के साथ मनाया जाता है।/p
pगुड़ी नाम का अर्थ "विजय पताका" है। 'युग' शब्द 'युग' और 'आदि' शब्दों के मेल से बना है।/p
pयह त्रिशूर पूरम फेस्टिवल त्रिशूर के वडक्कुनाथन (शिव) मंदिर में हर साल पूरम दिन पर आयोजित किया जाता है।/p
pउगादि पर्व नए साल की तरह मनाया जाता है।/p
pहिंदू पौराणिक कथाओं से आकर्षित, ओणम राजा महाबली और वामन का स्मरण करता है।/p
pपौराणिक मान्यताओं के अनुसार भगवान कृष्ण का जन्म आधी रात को कारागार में हुआ था।/p
pप्राचीन काल में रामायण या महाभारत केवल घटी हुई, घटनाएं नहीं हैं......आज भी ये घटनाएं हमारे जीवन में प्रतिदिन होती रहती हैं.........अतः इन कहानियों का सार शाश्वत है।/p