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pकार्निवल श्रोव मंगलवार पर समाप्त होता है, जो ऐश बुधवार को लेंट की शुरुआत से एक दिन पहले होता है।/p
pत्रिशूर पूरम में भाग लेने के लिए विभिन्न जिलों के लोग इस त्यौहार में शामिल होते हैं।/p
pभगवान राम ने इसी दिन रावण का वध किया था तथा देवी दुर्गा ने नौ रात्रि एवं दस दिन के युद्ध के उपरान्त महिषासुर पर विजय प्राप्त की थी।/p
pहिंदू पौराणिक कथाओं से आकर्षित, ओणम राजा महाबली और वामन का स्मरण करता है।/p
pनवरात्रि के दौरान पूरे नौ दिनों तक हर तरफ भक्ति का माहौल रहता है।/p
pगोवर्धन पूजा विशेष रूप से मथुरा की कृष्णा नगरी में की जाती है। इस दिन गाय पूजा का भी बहुत महत्व माना जाता है। गोवर्धन पूजा की कथा भगवान कृष्ण से जुड़ी है। इस दिन भगवान कृष्ण ने इंद्रदेव के अहंकार का नाश किया था।/p
pप्राचीन काल में रामायण या महाभारत केवल घटी हुई, घटनाएं नहीं हैं......आज भी ये घटनाएं हमारे जीवन में प्रतिदिन होती रहती हैं.........अतः इन कहानियों का सार शाश्वत है।/p